गहराई और बगावत का अनोखा जोड़ा
वृश्चिक और कुंभ का मिलन बिल्कुल वैसा है जैसे गहरे पानी में अचानक तेज़ हवा का झोंका आ जाए। दोनों ही फिक्स्ड हैं, यानी अपनी राह के पक्के, और दोनों के शासक प्लूटो और यूरेनस हैं। इससे रिश्ते में गहराई और एक नटखट बेचैनी दोनों मिलती है। पहली मुलाक़ात में लग सकता है कि दोनों की लय अलग है, लेकिन सच्चाई यह है कि दोनों दुनिया को अपने हिसाब से बदलना जानते हैं। ये जोड़ा जितना उलझा हुआ है, उतना ही दिलचस्प भी है। जब दोनों एक-दूसरे की आज़ादी का सम्मान करते हैं, तो यह रिश्ता किसी सफर से कम नहीं होता।
प्यार
प्यार में ये जोड़ा आग और पानी की तरह है — पहले टकराते हैं, फिर एक-दूसरे में घुल जाते हैं। वृश्चिक की गहराई कुंभ की आज़ाद ख्याली से टकराती है, लेकिन इसी उलझन में एक मज़ेदार केमिस्ट्री बनती है। वृश्चिक को कुंभ का अनोखापन भाता है, और कुंभ को वृश्चिक का गहरा जज़्बा। लेकिन वृश्चिक अगर ज़्यादा जकड़ने की कोशिश करे, तो कुंभ उड़ जाएगा। दोनों को थोड़ी खुली छूट चाहिए, तभी प्यार की आग ठीक से जलती है।
दोस्ती
दोस्ती में ये दोनों जैसे चुम्बक के एक जैसे सिरे — एक-दूसरे को दूर से देखते हैं, पास आएँ तो कुछ देर के लिए चिपकते हैं, फिर छिटक जाते हैं। कुंभ की बातें वृश्चिक को हैरान करती हैं, वहीं वृश्चिक की गंभीर चाल कुंभ को हँसी लाती है। लेकिन जब किसी मुश्किल में सच में साथ चाहिए, तो दोनों एक-दूसरे के लिए खड़े मिलते हैं। भरोसा थोड़ा धीरे बनता है, पर एक बार बन जाए तो पक्का रहता है।
काम
काम पर ये जोड़ी अजीब लेकिन असरदार है। वृश्चिक इरादे से जुटा रहता है, कुंभ नये रास्ते सोचता है। जब दोनों मिलकर किसी प्रोजेक्ट पर लगते हैं, तो उसमें गहराई भी होती है और नयापन भी। लेकिन बॉस जैसा व्यवहार दोनों को नागवार गुज़रता है। अगर दोनों बराबरी पर काम करें, एक-दूसरे की तरकीबें सुनें, तो कोई मुश्किल टिक नहीं पाती। वृश्चिक को कुंभ की फालतू लगने वाली सूझ-बूझ पर भरोसा करना चाहिए।
इस जोड़े के लिए टिप: एक-दूसरे को थोड़ी दूर से प्यार करें और बीच में थोड़ी आज़ादी का फ़ासला रखें।